अनूपपुर-जैतहरी विद्युत लाइन विस्तार कार्य गुणवत्ता विहीन ठेकेदार पर कार्यवाही हेतु समाजसेवी ने लिखा पत्र
33 केवी उच्च प्रवाह लाइन में लोहे की जगह कमजोर सीमेंट के खंभे दे रहे दुर्घटना को आमंत्रण- जितेंद्र सिंह
अनूपपुर/जिले के उत्कृष्ट समाजसेवी एवं शिक्षाविद जितेन्द्र सिंह निवासी वार्ड नं.-11 नगर परिषद जैतहरी जिला- अनूपपुर (म.प्र.) के द्वारा दिनांक 1 जनवरी 2026 को 1.माननीय लोकायुक्त महोदय म०प्र० भोपाल,2. माननीय श्री नीरज मण्डलोई जी, अपर मुख्य सचिव, ऊर्जा विभाग म०प्र० शासन,3. माननीय प्रबंध निदेशक महोदय, म.प्र.पू.क्षे.वि.वि.कं.लि., जबलपुर (म.प्र.),4. माननीय मुख्य अभियंता महोदय, म.प्र.पू.क्षे.वि.वि.कं.लि., शहडोल (म.प्र.),5. माननीय अधीक्षण अभियंता महोदय, म.प्र.पू.क्षे.वि.वि.कं.लि.,अनूपपुर (म.प्र.)। को पत्र लेखकर अनूपपुर जिले में विद्युत वितरण कंपनी द्वारा अनूपपुर से जैतहरी मार्ग पर 33 के.वी. लाईन का विस्तार निविदा में ठेकेदार द्वारा कराये जा रहे गुणवत्ताविहीन कार्य, लोहे के खंभे की जगह सीमेण्ट के कमजोर खंभे लगाकर दुर्घटना को आमंत्रित करने जैसा कृत्य कर रहे ठेकेदार की जांच लोकायुक्त की विशेष स्थापना पुलिस से या आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो से कराने के संबंध में मांग की है।
पत्र में उल्लेख है मामला
माननीय जी. उपरोक्त विषय में निवेदन है कि, म०प्र० के मुख्यमंत्री डा० मोहन यादव जी तथा ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर द्वारा विद्युत विस्तार करने का बीड़ा उठाकर संपूर्ण म. प्र. में गुणवत्तापूर्ण कार्य करने हेतु कृत संकल्पित हैं। वहीं दूसरी ओर अनूपपुर जिले के विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी मुख्यमंत्री की मंशा को कलंकित करने जैसा कार्य कर रहे हैं।माननीय जी. 33 के.वी. की लाईन लगाते समय इंजीनियर तथा ठेकेदारों को ध्यान देना चाहिये था कि यह हाईटेंशन लाईन है। मानव जीवन को किसी भी प्रकार का खतरा न हो, ऐहतियात के तौर पर लोहे के मजबूत खंभे लगाये जाते हैं तथा विद्युत खंभे की ऊंचाई इतनी रखी जाती है कि सड़क पर चल रहे अति भारी वाहन की ऊंचाई से कम से कम 5 मीटर की ऊंचाई अधिक हो पर यहां सब कुछ उल्टा है। इंजीनियर और ठेकेदार द्वारा विद्युत पोल लोहे के न लगाकर सीमेण्ट के कमजोर खंभे लगाये गये तथा ऊंचाई भी पर्याप्त नहीं है जिससे दुर्घटना की प्रबल संभावना है।अनूपपुर-जैतहरी मुख्य मार्ग जहां कि अति भारी वाहन सड़क से गुजरते हैं। मोजर वेयर कंपनी जैतहरी से लगातार अति भारी वाहनों से बड़ी-बड़ी मशीनें तथा फ्लाई ऐश की दुलाई की जाती है तथा यह अति व्यस्त सड़क है जहां कि आये दिन दुर्घटनायें होती रहती हैं। मार्ग से सटे हुये भू-भाग पर विद्युत खंभे लगाना दुर्घटना को आमंत्रण देने जैसा है। विद्युत खंभे सड़क से कम से कम 10 मीटर दूर लगाने चाहिये क्योकि सड़क के मरम्मत का कार्य प्रायः चलता रहता है तथा वाहनों के क्रासिंग करते समय निश्चित ही ये वाहन विद्युत खंभो से टकरायेंगे और 33 के.वी. लाईन के क्षतिग्रस्त होने से आग लग सकती है जिससे जनधन की हानि होगी।
निम्न बिन्दुओं पर जांच की मांग
1.33 के.वी. लाईन अनूपपुर-जैतहरी का टेण्डर का प्राकलन, PQR किस इंजीनियर द्वारा बनाया गया है।2. लोहे के खंभो की जगह गुणवत्ताविहीन सीमेण्ट के खंभे क्यो लगाये गये?3. 33 के.वी. की लाईन बिछाते समय सड़क के सटे हुये भू-भाग से क्यूं लगाया गया तथा किसके निर्देशन पर लगाया गया?4. 33 के.वी. उच्च धारा प्रवाह वाली लाइन होती है। खंभो की ऊंचाई कम क्यो रखी गई? किसके निर्देशन में यह ऊंचाई तय की गई?5. विद्युत खंभे जो लगाये गये वह मजबूती से पर्याप्त गहराई तक क्यो नही लगाये गये? प्रयुक्त किया गया मटेरियल गुणवत्ता से परिपूर्ण क्यो नही लगाया गया?
पत्र में विशेष प्रार्थना
माननीय जी, विद्युत वितरण कंपनी अनूपपुर के संबंधित वरिष्ठ, कनिष्ठ अभियंताओं द्वारा मानव जीवन को इस 33 के.वी. लाईन से उत्पन्न होने वाले खतरों को नजर अंदाज किया गया तथा 33 के.वी. जैसे उच्च धारा प्रवाह वाली लाईनो में प्रयुक्त होने वाले तार, खंभे सभी घटिया किस्म के उपयोग किये गये। सड़क से सटे हुये भू-भाग में विद्युत खंभे लगाये गये जिनकी ऊचाई पर्याप्त नही है। ऐसा कृत्य करके निश्चय ही मानव जीवन को खतरे के संकट में डालने का कार्य किया गया है।कृपया प्रकरण की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुये जनहित में तत्काल ही कार्यवाही कराने की कृपा करें साथ ही ठेकेदार के भुगतान पर रोक लगाने की कृपा करें एवं निवेदन है कि इस प्रकरण की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुये इसकी जांच लोकायुक्त विशेष स्थापना पुलिस से करानें की कृपा करें।

